महाराणा प्रताप के गीत को गैंगस्टर सीन में किया इस्तेमाल? रैपरिया बालम और डॉ. लक्ष्यराज सिंह मेवाड़ ने जताई नाराजगी

September 9, 2026 | desk | Bollywood

उदयपुर। फिल्म ‘मिर्जापुर: द मूवी’ में महाराणा प्रताप के शौर्य को समर्पित गीत ‘शूरवीर’ के इस्तेमाल को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। फिल्म के एक सीन में इस गीत के इस्तेमाल पर गायक रैपरिया बालम और मेवाड़ के पूर्व राजपरिवार सदस्य डॉ. लक्ष्यराज सिंह मेवाड़, दोनों ने आपत्ति जताई है। रैपरिया बालम का कहना है कि ‘शूरवीर’ गीत महाराणा प्रताप के शौर्य, वीरता और बलिदान को समर्पित है, ऐसे में इसे फिल्म में गैंगस्टर और नकारात्मक किरदारों वाले सीन के साथ इस्तेमाल करना उचित नहीं है। उन्होंने गीत के इस्तेमाल को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की है और फिल्म निर्माताओं की प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए हैं।

वहीं, डॉ. लक्ष्यराज सिंह मेवाड़ ने भी महाराणा प्रताप की विरासत और उनके ऐतिहासिक महत्व को लेकर आपत्ति जताई है। उन्होंने कहा कि महाराणा प्रताप केवल इतिहास का एक नाम नहीं, बल्कि शौर्य, स्वाभिमान, नैतिकता और बलिदान के प्रतीक हैं। ऐसे ऐतिहासिक व्यक्तित्व से जुड़े गीत या प्रसंग को फिल्म में प्रस्तुत करते समय उनकी गरिमा और भावनाओं का ध्यान रखा जाना चाहिए।

गाने के इस्तेमाल पर उठे सवाल

‘शूरवीर’ गीत को महाराणा प्रताप की वीरता और संघर्ष को ध्यान में रखकर तैयार किया गया था। विवाद तब बढ़ा जब फिल्म में इसके इस्तेमाल को ऐसे दृश्य के साथ जोड़ा गया, जिसे लेकर दोनों ने सवाल उठाए। रैपरिया बालम की ओर से कानूनी नोटिस भेजे जाने की बात भी सामने आई है। दूसरी ओर, म्यूजिक लेबल की तरफ से गीत के इस्तेमाल के लिए लाइसेंस होने का दावा किया गया है। ऐसे में अब विवाद में कॉपीराइट और लाइसेंस के साथ-साथ गीत के इस्तेमाल के संदर्भ और ऐतिहासिक भावनाओं का मुद्दा भी जुड़ गया है।

मेवाड़ में भी नाराजगी

महाराणा प्रताप मेवाड़ की पहचान और गौरव से जुड़े प्रमुख ऐतिहासिक व्यक्तित्व हैं। ऐसे में उनके शौर्य को समर्पित गीत के इस्तेमाल को लेकर उठी आपत्ति ने राजस्थान में भी चर्चा तेज कर दी है। रैपरिया बालम और डॉ. लक्ष्यराज सिंह मेवाड़ की आपत्ति के बाद अब सवाल यह है कि क्या महाराणा प्रताप की वीरता को समर्पित गीत को फिल्म में इस तरह के संदर्भ में इस्तेमाल किया जाना उचित था?